रायपुर, तोपचंद : Vidhansabha Breaking : विधानसभा में विपक्ष ने कुछ देर पहले जमकर हंगामा किया। मामला बेजरोगरी से जुड़ा था. दरअसल अजय चंद्राकर ने सवाल उठाया कि

सीएमआईई के आंकड़ों के आधार पर सवाल किया कि क्या सरकार इसे मान्यता देती है.

मंत्री ने अपने जवाब में बताया कि

इसे सरकार मान्यता नहीं देती, लेकिन केंद्र सरकार की संस्था एनएसएसओ द्वारा पिछले 9 साल से आंकड़े नहीं जारी किए जा रहे हैं, इसलिए प्राइवेट संस्था द्वारा जो रिपोर्ट जारी की गई है, उसे शामिल किया गया.

अनियमितता से जोड़ते हुए अजय चंद्राकर ने 2 करोड़ के विज्ञापन के रिकवरी की मांग की। इस मुद्दे पर सदन में जमकर हंगामा हुआ। विपक्ष बार बार उसे अनियमितता की श्रेणी में आने की बात कहता रहा। इसी सवाल पर सौरभ सिंह ने कहा कि जिस संस्था को मान्यता नहीं, उस संस्था को कैसे भुगतान होगा?

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि

किसी आंकड़ों के लिए हमें आधार तो लेना होगा ? छत्तीसगढ़ में अगर सबसे कम बेरोजगारी है, तो उसके लिए विपक्ष को बधाई देना चाहिये, लेकिन यहां ये अलग बातें कह रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने हेड काउंट क्यों कराया, आंकड़े के लिए हमलोग आधार लेते रहे हैं।

ऐसे जवाब विपक्ष असंतुष्ट है, इसलिए विपक्ष वाकआउट करता है