छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित सिविल जज की परीक्षा और परिणाम दोनों को रद्द कर दिया है। सिविल जज की परीक्षा मई 2019 में लिया गया था। psc द्वारा लिए गए इस परीक्षा में याचिकाकर्ताओं के अनुसार लगभग 70 प्रतिशत प्रश्न गलत पूछे गए थे। 

आयोग द्वारा जारी किये गए मॉडल उत्तर पर परीक्षार्थियों ने आपत्ति दर्ज कराया। इसके बाद भी आयोग ने अपने हिसाब से ही परीक्षा का परिणाम जारी किया।

इसके विरोध में सौरभ कुमार के साथ लगभाग 8 परीक्षार्थियों ने लोक सेवा आयोग छत्तीसगढ़ राज्य के विरुद्ध 26 अगस्त 2019 को डब्ल्यूपीसी सेक्शन 226 के अंतर्गत केस फ़ाइल किया गया।

सौरभ कुमार की ओर से शक्ति राज सिन्हा, अंशु नाइक, निशिकांत सिन्हा और राज्य की ओर से आशीष श्रीवास्तव, अफरोज खान, अनुराग वर्मा, सौम्य राय  एवं हाई कोर्ट से राजीव श्रीवास्तव ने पैरवी की।

जस्टिस गौतम भादुड़ी की सिंगल बेंच ने अभ्यर्थियों के पक्ष में फैसला लिया।  जस्टिस भादुड़ी ने आयोग को बिना किसी परीक्षा शुल्क अभ्यार्थियों का परीक्षा लेने का निर्देश दिया है।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *